जेल से रिहाई के बाद सिद्धि विनायक मंदिर और बालठाकरे स्मारक पहुंचे संजय राउत, बोले- ‘शिवसेना (U) असली पार्टी’

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मुंबई: शिवसेना सांसद संजय राउत बुधवार देर शाम आर्थर रोड जेल से रिहा हो गए. इस दौरान सैकड़ों कार्यकर्ता भगवा झंडे लेकर आर्थर रोड जेल के बाहर जमा हो गए थे. राउत बाहर आए तो कार्यकर्ताओं ने उनके समर्थन में नारे लगाए. लोगों ने खुशी में एक-दूसरे को गुलाल लगाया और जमकर ढोल पीटा. गले में भगवा स्टॉल लपेटे हुए राउत जेल के बाहर आए. उन्होंने गाड़ी में खड़े होकर हाथ हिलाकर अपने समर्थकों का अभिवादन किया.
अपनी रिहाई के तुरंत बाद राउत मुंबई के प्रभादेवी स्थित श्री सिद्धिविनायक मंदिर में भगवान गणेश का आशीर्वाद लेने पहुंचे. इस दौरान राउत के साथ उनके भाई एवं विधायक सुनील राउत और पार्टी के अन्य नेता भी मौजूद थे. राउत को शाम करीब 6.50 बजे जेल से रिहा किया गया, लेकिन वह रात करीब 10.30 बजे पूर्वोत्तर मुंबई के नाहूर स्थित अपने आवास पर पहुंच पाए.
इससे पहले सांसद राउत ने दक्षिण मुंबई के एक हनुमान मंदिर में दर्शन और शिवाजी पार्क में बालासाहेब ठाकरे स्मारक पर जाकर आशीर्वाद लिया.

उद्धव ठाकरे गुट के प्रमुख नेता संजय राउत
इस दौरान उनका बंगला उनके स्वागत में रोशनी से सजाया गया था. उनके बंगले पर उनके सैकड़ों समर्थक जमा हो गए. उनके समर्थकों ने उनके पहुंचते ही खूब पटाखे फोड़े. इसके साथ ही डीजे पर बज रहे गानों पर समर्थकों ने जमकर डांस किया. गौरतलब है कि उन्हें 1 अगस्त को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने उपनगरीय गोरेगांव में एक आवास परियोजना से जुड़े मनी लांड्रिंग मामले में गिरफ्तार किया था.
वहीं शक्ति प्रदर्शन में ‘शिवसेना उद्धव बालासाहेब ठाकरे’ के सैकड़ों कार्यकर्ता हाथ में भगवा झंडा लेकर मध्य मुंबई की आर्थर रोड जेल के बाहर जमा हो गए थे. राउत की रिहाई के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं की कारों की लंबी कतार लगी रही. जिस समय वह जेल से बाहर निकले राउत का शिवसेना (यूबीटी) के कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया. बता दें कि 1 अगस्त को ईडी ‘पात्रा चॉल’ घोटाले में मनी लॉन्ड्रिंग मामले में राउत को गिरफ्तार किया था. राउत को जेल में तीन महीने रहने के बाद बुधवार 9 नवम्बर को जमानत मिली है. इस दौरान संजय राउत ने संवाददाताओं से कहा कि उद्धव ठाकरे की अगुवाई वाली शिवसेना ही ‘असली’ पार्टी है जिसकी स्थापना दिवंगत बालठाकरे ने की थी. उन्होंने कहा कि राज्य का वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य अस्थायी है.