Deven Bharti takes charge as Mumbai Police Commissioner
नेटवर्क महानगर / मुंबई
1994 के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी देवेन भारती मुंबई के नए पुलिस आयुक्त बनाये गए हैं। देवेन भारती अभी मुंबई पुलिस में स्पेशल पुलिस कमिश्नर के तौर काम कर रहे थे। जब मुंबई पुलिस में जब यह पोस्ट क्रिएट करके उनकी तैनाती की गई थी तब काफी विवाद भी हुआ था। देवेन भारती ने बतौर पुलिस आयुक्त अपने पहले बयान में मुंबईकर को सुरक्षा का वादा दिया है।
30 अप्रैल को कार्यभार संभालने के बाद देवेन भारती 1 मई को महाराष्ट्र स्थापना दिवस के कार्यक्रम में डीजीपी रश्मि शुक्ला के साथ शामिल हुए। भारती ने अपने संदेश में कहा है कि मुंबई कभी नहीं सोती, और न ही इसकी पुलिस। आपके नए पुलिस आयुक्त के रूप में मैं आपकी सुरक्षा, सम्मान और विश्वास के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हूं। भले ही मेरे कंधों पर सितारे हैं। वे केवल मुंबईकरों के विश्वसनीय मार्गदर्शन के कारण ही चमकते हैं। देवेन भारती मुंबई पुलिस के 49वें पुलिस आयुक्त बने हैं। मूलरूप से बिहार के दरंभगा से आने वाले देवेन भारती मिथिला समाज का प्रतिनिधित्व करते हैं।
बता दें कि जब मुंबई के नए पुलिस आयुक्त की खोजबीन शुरू हुई थी। तब इस रेस में कई आईपीएस अधिकारी थे लेकिन आखिरी में देवेन भारती ने बाजी मारी। मुंबई पुलिस आयुक्त की दौड़ में मौजूदा एनआईए (NIA) चीफ सदानंद दाते (1991 बैच) भी थे। दाते को मुंबई हमले में गोली भी लगी थी। सूत्रों का कहना है कि पहलगाम आतंकी हमले के चलते दाते एनआईए चीफ के तौर पर बड़ी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। ऐसे में देवेन भारती की राह आसान हुई।
हालांकि, देवेन भारती को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का भी पसंदीदा अधिकारी माना जाता है। यही वजह है कि कई अधिकारियों को पीछे छोड़कर एडीजीपी रैंक पर होते हुए भी वह मुंबई पुलिस आयुक्त बने हैं। देवेन भारती 2028 में सेवानिवृत्त हो जाएंगे। ऐसे में वह करीब तीन साल तक मुंबई की कानून-व्यवस्था को संभालेंगे।
देवेन भारती महाराष्ट्र पुलिस के उस अफसरों में शमिल हैं। जिन्होंने मुंबई हमले की जांच संभाली थी। राज्य में महायुति सरकार की वापसी होते ही उन्हें मुंबई का स्पेशल कमिश्नर 2023 में बनाया गया था। देवेन भारती उन पुलिस अफसरों में शामिल हैं, जिन्हें मुंबई की गहरी समझ है। उद्धव ठाकरे सरकार में उन्हें साइडलाइन कर दिया गया था और एमएसएससी की जिम्मेदारी दे दी गई थी।
देवेन भारती मुंबई के ज्वाइंट कमिश्नर (लॉ एंड ऑर्डर) की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं। उन्हें अंडरवर्ल्ड नेटवर्क की अच्छी समझ है। एटीएस के प्रमुख रह चुके देवेन भारती एक वक्त पर मुंबई के 90 पुलिस स्टेशन संभालते थे। तब उन्हें मोस्ट पॉवरफुल अफसर कहा जाता था। देवेन भारती के पास मुंबई का लंबा अनुभव है। यही वजह है कि देवेन भारती सदानंद दाते के बाद रेस में शामिल दूसरे तमाम अफसरों पर भारी पड़ गए। वहीं, सेवानिवृत्त हो रहे विवेक फणसळकर का रैंक घटाकर एडीजीपी कर दी गई है।
