Varsha Gaikwad
नेटवर्क महानगर/मुंबई
विलेपार्ले स्थित आर एन कूपर हॉस्पिटल का निरीक्षण करने के बाद बुधवार को मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और सांसद वर्षा गायकवाड ने राज्य सरकार और बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) पर करारा हमला बोलते हुए उन पर “मुंबईवासियों की जान से खेलने” का आरोप लगाया।
सांसद वर्षा गायकवाड ने कहा कि सार्वजनिक स्वास्थ्य सेवा प्रदान करना सरकार और नगर निगम दोनों की नैतिक ज़िम्मेदारी है, फिर भी मुंबई के कई महानगरपालिका अस्पताल सुविधाओं की कमी के कारण सचमुच “वेंटिलेटर सपोर्ट” पर हैं। सांसद गायकवाड ने सवाल किया कि बीएमसी का 7,000 करोड़ रुपये का स्वास्थ्य बजट कहां जा रहा है? गरीब मरीज़ परेशान हैं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि मुंबई महानगरपालिका के विभिन्न अस्पतालों में जाते ही, मन में बस एक ही तस्वीर उभरती है, इलाज के लिए इंतज़ार करते मरीज़! सीटी स्कैन या सोनोग्राफी की सुविधा नहीं है, और अगर है भी, तो महीने तक अपॉइंटमेंट मिलना संभव नहीं है। अस्पताल जैसी जगहों पर गंदगी, बदबू, चूहे और कॉकरोच का बोलबाला है! एक तरफ़ तो सुविधाओं का आभाव है, वहीं दूसरी तरफ़ मरीज़ों को बाहर से महंगी दवाइयां खरीदने पर मजबूर होना पड़ रहा है! यह महानगरपालिका के अस्पताल के निजीकरण की साज़िश है, लेकिन हम इस साज़िश को नाकाम करके ही रहेंगे।
