नेटवर्क महानगर/मुंबई
महाराष्ट्र की बारामती विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की सुनेत्रा पवार ने 2 लाख से अधिक वोटों से जीत हासिल की है। इसके साथ ही उन्होंने राज्य में बड़े अंतर से विधानसभा चुनाव जीतने के पुराने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। सुनेत्रा पवार के खिलाफ 22 लोगों ने चुनाव लड़ा था, लेकिन इनमें से कोई भी किसी बड़ी पार्टी के टिकट पर नहीं था। इसका असर यह हुआ कि सभी विपक्षी उम्मीदवार सुनेत्रा के सामने एक-एक वोट को तरस गए। किसी को 42 वोट तो किसी को 43 वोट से ही संतोष करना पड़ा।
2 प्रत्याशियों को 500 से अधिक वोट मिले!
न्यू राष्ट्रीय समाज पार्टी के प्रोफेसर आरवाई गुटुकडे सर दूसरे स्थान पर रहे, लेकिन उनके खाते में भी सिर्फ 935 वोट ही गए। 774 लोगों ने नोटा का बटन दबाया और नोटा को मिले वोट 21 उम्मीदवारों को मिले वोट से ज्यादा थे। 533 वोट पाने निर्दलीय उम्मीदवार विराज महादेव शिंदे तीसरे स्थान पर रहे। इनके अलावा कोई भी उम्मीदवार 500 वोट भी नहीं हासिल कर सका।
11 उम्मीदवारों को 100 से भी कम वोट मिले!
बारामती उपचुनाव में 11 उम्मीदवार ऐसे थे, जिन्हें 100 वोट भी नहीं मिले। एडवोकेट अविनाश गायकवाड़ को 92 लोट मिले तो साजन भगवान को 85 वोट मिले। रोहित राजू भोसले को 70, बालासो मारुती धपाटे को 57, योगेश मोहन को 50, सतीश नाना सोनावने को 48, गजानन पाटिल को 47, सागर भिषे को 45, सीताराम विट्ठल को 45, दत्तात्रेय बेडारे को 43, चंद्रकांत रंभाजी मोती को 42 वोट मिले।
उपचुनाव में दोनों सीटों पर महायुति की जीत!
बता दें कि महाराष्ट्र में दो सीटों पर उपचुनाव हुआ और दोनों सीटों में महायुति गठबंधन के उम्मीदवार को जीत मिली। बारामती में सुनेत्रा पवार ने जीत हासिल की। वहीं, राहुरी सीट पर बीजेपी के अक्षय शिवाजीराव करढिले ने 112587 वोट से जीत हासिल की। उन्होंने कुल 140093 वोट हासिल किए। एनसीपी शरद पवार गुट के मोकाते गोविंद खांडू दूसरे स्थान पर रहे, जिन्हें 27506 वोट मिले।

बारामती मेरा परिवार है: सुनेत्रा पवार
जीत पक्की होते ही सुनेत्रा पवार भावुक हो गईं और कहा कि यह अजित पवार के बाद पहला चुनाव है। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मुझे यह चुनाव लड़ना पड़ेगा। बारामती की जनता ने जो वोट दिए हैं, वही अजित दादा को ‘सच्ची श्रद्धांजलि’ है। मैं दिल से सभी का आभार व्यक्त करती हूं। बारामती की जनता को धन्यवाद देते हुए सुनेत्रा ने कहा कि वह अपने लोगों की सेवा करती रहेंगी और विकासकार्यों के माध्यम से अजित पवार के सपनों को साकार करने की कोशिश करेंगी।
शरद पवार और सुप्रिया सुले की तारीफ
सुनेत्रा पवार ने चाचा शरद पवार और सुप्रिया सुले की भी तारीफ करते हुए कहा कि शरद पवार ने शुरुआत में कहा था कि वे कोई उम्मीदवार नहीं उतारेंगे। मुझे जो समर्थन मिला है, वह मेरे परिवार का ही समर्थन है। अब तक सुप्रिया सुले और पवार फैमिली ने जिस तरह का काम, विश्वास और सेवा दी है, उसे आगे बढ़ाने की मैं पूरी कोशिश करूंगी।
जीत पर हम जश्न नहीं मनाएंगे: जय पवार
इस प्रचंड जीत पर उनके बेटे जय पवार ने बारामती की जनता का आभार जताया। हालांकि, इतनी बड़ी जीत के बावजूद जय पवार ने समर्थकों से एक बेहद भावुक अपील की है। जय पवार ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उनके परिवार और समर्थकों को इस जीत का कोई जश्न नहीं मनाना चाहिए। उन्होंने भरे मन से कहा, क्योंकि हम में से कोई भी इस तरह का चुनाव नहीं चाहता था। गौरतलब है कि महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार की 28 जनवरी 2026 को एक विमान हादसे में निधन के बाद खाली हुई बारामती सीट पर उनकी पत्नी सुनेत्रा पवार ने चुनाव लड़ा।
न जुलूस निकालें और न गुलाल फेंके
अपनी जीत से पहले सुनेत्रा पवार ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा- बारामती विधानसभा उपचुनाव के परिणाम आज घोषित किए जाएंगे। ऐसे में आप सभी ने अपने मतों के माध्यम से जो विश्वास दिखाया है, उसे मैं पूज्य अजितदादा की पवित्र स्मृति को समर्पित करती हूं। आज इस परिणाम की घोषणा के साथ ही पूज्य दादा की स्मृतियां प्रकाशमान हो उठी हैं और हम सभी भावुक हैं। मैं दादा से प्रेम करने वाले सभी कार्यकर्ताओं से विनम्र निवेदन करती हूं कि इस विजय के उपलक्ष्य में कोई जुलूस न निकाले और न ही गुलाल फेंके। आइए हम संयम बरतें और दादा के आदर्शों के अनुरूप व्यवहार करें।
उन्होंने अपनी पोस्ट में आगे लिखा- मैं बारामती के सभी लोगों का तहे दिल से आभार व्यक्त करती हूं, जिन्होंने मुझे दादा के सपनों की बारामती को साकार करने का अवसर दिया। यह अंत नहीं है; यह तो बस शुरुआत है। दृढ़ संकल्प की, संघर्ष की और एक नई बारामती की!
बंगाल चुनाव में बीजीपी की जीत पर बधाई!
बंगाल और असम में बीजेपी की बढ़त पर सुनेत्रा पवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मैं पीएम मोदी को बधाई देती हूं कि बीजेपी को बड़ी जीत मिली है। इन नतीजों के जरिए जनता का विश्वास फिर से सामने आया है।
वहीं, ममता बनर्जी द्वारा चुनाव आयोग पर लगाए गए आरोपों पर भी सुनेत्रा पवार ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि हर किसी का चीजों को देखने का अपना तरीका होता है, इस पर मैं कोई टिप्पणी नहीं कर सकती।
