
वाराणसी, १७ सितंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काशी आ रहे हैं। वे अपने संसदीय क्षेत्र के लोगों के बीच अपना जन्मदिन मनाएंगे। इसका गोपनीय संदेश विभागों में पहुंच गया है।
प्रदेश से लेकर जिला स्तर के अधिकारी सतर्क हो गए हैं। विभिन्न विभागों के मंत्रियों का दौरा शुरू हो गया है। प्रमुख सचिव नगर विकास मनोज कुमार का आगमन दो सिंतबर को हो रहा है। दो दिवसीय दौरे के दौरान वे विकास योजनाओं की समीक्षा और भौतिक सत्यापन के लिए निरीक्षण करेंगे। नगर विकास मंत्री आशुतोष कुमार टंडन व जल शक्ति मंत्रालय के डॉक्टर महेंद्र सिंह का आगमन हो चुका है।
इस दौरान विभागीय अफसरों के अलावा पार्टी के पदाधिकारियों और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात होगी। सर्वाधिक फोकस नगर में ढांचागत निर्माण के साथ ही नमामि गंगे, ग्रामीण जलापूर्ति, सिंचाई व जल संसाधन पर होगा। नगर निगम प्रशासन की ओर से दो योजनाओं के शिलान्यास व लोकार्पण की तैयारी हो रही। गौदौलिया में एक प्रस्तावित मल्टीलेवल पार्किंग है, जिसका शिलान्यास होना है। यह शहर की पहली मल्टीलेवल पार्किंग होगी। इससे श्रीकाशी विश्वनाथ के दर्शन को पहुंचने वालों को सहूलियत होगी। वहीं छितौनी कोट में बने कान्हा उपवन के लोकार्पण की भी तैयारी चल रही है।
बता दें कि पिछले वर्ष भी अपने जन्मदिन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काशी में ही थे। उस समय अचानक मंडुआडीह स्टेशन पहुंच गए थे। वहां पर व्यवस्थाओं को देखा था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ साथ थे। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद रात्रि विश्राम डीरेका गेस्ट हाउस में किया था। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं से मुलाकात भी की थी। नरउर गाव पहुंचने के साथ पीएम ने प्राइमरी स्कूल के बच्चों से बातचीत की थी। बीएचयू की सभा में काशी को 557 करोड़ की योजनाओं का गिफ्ट दिया था।
इन योजनाओं का होगा लोकार्पण-
- शहरी विद्युत सुधार कार्य -मजरों में विद्युतीकरण कार्य
- सिंगल फेज के 90 हजार मीटर की स्थापना
- 33 गुणे 11 केवी विद्युत उपकेंद्र बेटावर का निर्माण
- 33 गुणे 11 केवी विद्युत उपकेंद्र कुरुयातो का निर्माण
- नागेपुर ग्राम पेयजल योजना
- अटल इंक्यूबेशन सेंटर
- कुंभकारी उद्योग के तहत विद्युतचालित चाक व आधुनिक भट्ठी का आवंटन
- हनी मिशन के तहत मधुमक्खी बॉक्स का आवंटन
- खादी व सोलर वस्त्र के अंतर्गत रेडीबार्प मशीन का आवंटन
- इन परियोजना का शिलान्यास
- बीएचयू में वैदिक विज्ञान केंद्र
- रीजनल इंस्टीट्यूट ऑफ आफ्थेल्मोलाजी
- 132 केवी विद्युत उपकेंद्र चोलापुर, क्षमता 2 गुणे 40 एमवीए का निर्माण
