Piyush Goyal
नेटवर्क महानगर/मुंबई
केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री एवं उत्तर मुंबई से सांसद पीयूष गोयल शनिवार, (14 मार्च) को संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान पहुंचे। इस मौके पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल और महाराष्ट्र के वन मंत्री गणेश नाईक ने आईकोनिक वन रानी नाम की टॉय ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान उन्होंने इसकी सवारी भी की।
बता दें कि यह नेशनल पार्क भाजपा सांसद पीयूष गाेयल के लोकसभा क्षेत्र में आता है। मुंबई के पश्चिमी उपनगर बोरिवली स्थित संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान की पसंदीदा वन रानी यानि टॉय ट्रेन एक बार फिर दौड़ पड़ी है।
इस मौके पर केंद्रीय मंत्री गोयल ने कहा कि करीब 50 साल से यह टॉय ट्रेन नेशनल पार्क की विशेष पहचान थी। प्राकृतिक आपदा के कारण कुछ दिन के लिए बंद पड़ गई थी, लेकिन अब नए रूप और नए रंग में फिर से शुरू की गई है। ऐसा प्रयास किया जाए कि मुंबई में जो भी पर्यटक आए, उसकी यात्रा तब तक अधूरी रहे जब तक कि वह टॉय ट्रेन से यात्रा नहीं कर लें।
मुंबई के संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान में टॉय ट्रेन की शुरुआत 1974 में शुरू की गई थी। बच्चों में यह ट्रेन विशेष आकर्षण का केंद्र रहा है। शहर में इसकी एक अलग ही पहचान थी। सन 2021 में आए चक्रवाती तूफान ने ट्राय ट्रेन की यात्रा रोक की। ट्रेन और उसकी पटरी को बहुत नुकसान पहुंचाया। टॉय ट्रेन को फिर से चलाने के लिए सन 2024 में 42.35 करोड़ रुपये का प्रावधान किया। दो महीने पहले टॉय ट्रेन और पटरी नए सिरे से बनकर तैयार किए गए। कृष्णगिरी और तीनमूर्ति नाम के दो स्टेशन हैं। एक ट्रेन की क्षमता 80 पर्यटकों की है। दो टाय ट्रेन हैं और दोनों की बैटरी से चलेगी। वन अधिकारी अनीता पाटील ने दावा किया कि यह इस तरह से बनाया गया है जिससे पर्यावरण को कोई नुकसान नहीं होगा, साथ ही यह बेहद सुरक्षित भी है।
इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि पार्क में पर्यटकों, छात्रों के लिए बहुत कुछ देखने और अध्ययन के लिए हैं। यहां के कान्हेरी केव्स के सौंदर्यीकरण का काम इस तरह से किया जाएगा, ताकि दुनिया भर के पर्यटक यहां आए। वन मंत्री गणेश नाईक ने पार्क में अंदर बसे घरों को दूसरी जगह जल्द से जल्द शिफ्ट करने की बात कही। वहीं, स्थानीय भाजपा विधायक संजय उपाध्याय ने जोरदार नारों से वहां आए बच्चों में नई जोश भर दी। इस मौके पर विधायक मनीषा चौधरी, प्रवीण दरेकर, स्थानीय नगरसेवक व बीजेपी पदाधिकारियों के अलावा बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे भी उपस्थित थे।
