Prakash Ambedkar
नेटवर्क महानगर/अकोला
महाराष्ट्र में स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं के चुनाव में भाजपा को छोड़कर ‘वंचित बहुजन आघाड़ी’ किसी भी पार्टी के साथ गठबंधन के लिए तैयार है। यह विचार बुधवार, 1 सितंबर को वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एड. प्रकाश आंबेडकर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में व्यक्त किया। पत्रकारों द्वारा एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि एनसीपी (अजीत पवार गुट) के साथ गठबंधन करने में भी उन्हें कोई कठिनाई नहीं होगी। उन्होंने आगे कहा कि अकोला जिले में स्थानीय स्वराज्य संस्था के चुनाव को लेकर वीबीए के स्थानीय पदाधिकारी ही निर्णय लेंगे कि किसके साथ गठबंधन करना है, उन्हें पूरा अधिकार हैं। उन्होंने ये भी स्पष्ट किया कि आनंदराज आंबेडकर और वीबीए के बीच चर्चा में कोई भी रुकावट नहीं है।
मतदाता खुद से प्रमाणिक नहीं: प्रकाश आंबेडकर
उन्होंने आगे कहा कि मतदाता खुद से प्रामाणिक नहीं है तो न्याय कहां से मिलेगा? देखा गया है कि चुनाव के समय मतदाता जाति-धर्म देखकर मतदान करते हैं। मतदाताओं को अब जागना चाहिए, मतदाताओं का काम है कि जो पार्टी उनकी समस्याओं को हल नहीं करती उनको स्थायी रूप से सत्ता से हटा देना चाहिए। प्रेस कॉन्फ्रेंस में वीबीए के नेता डॉ धैर्यवर्धन पुंडकर और प्रमोद देंडवे भी उपस्थित रहे।
राज्य में चोरों की सरकार: प्रकाश आंबेडकर
प्रकाश आंबेडकर ने कहा कि महाराष्ट्र में चोरों की सरकार है। महाराष्ट्र में अतिवृष्टि के कारण हमारे किसानों की फसलें बरबाद हो गई हैं। गीले अकाल की स्थिति है। लेकिन सरकार गीला अकाल घोषित नहीं कर रही है क्योंकि सरकार यदि गीला अकाल घोषित करती है तो किसानों को खावटी (विशेष आर्थिक मदद देनी पड़ेगी)। इसलिए सरकार गीला अकाल घोषित नहीं कर रही है। केंद्र सरकार के फंड का उपयोग भी राज्य सरकार करती है, लेकिन किसानों के लिए गीला अकाल घोषित नहीं करती है। सरकार की यह नीति बिल्कुल ठीक नहीं है। वीबीए सरकार की इस नीति का निषेध करती है। देखा जाए तो दीपावली के पहले ही गीला अकाल घोषित करना चाहिए, सरकार ने अब तक किसानों का सातबारा कोरा क्यों नहीं किया? इसका जवाब सरकार को देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो पार्टियां सातबारा कोरा करने की बात कर रहीं हैं। वे पार्टियां जब सत्ता में थीं तब उन्होंने सातबारा कोरा क्यों नहीं किया?
