मुंबई: मुंबई की भांडुप पुलिस ने दो चचेरे भाइयों को गिरफ्तार किया है, जिन पर एटीएम मशीनों के साथ छेड़छाड़ करने और बैंकों से लाखों रुपये ठगने के आरोप हैं। 17 सितंबर को भांडुप के जंगल-मंगल रोड पर स्थित अभ्युदय बैंक के एटीएम सेंटर में नकदी की गिनती करते वक्त बैंक के कर्मचारियों को मशीन से कुल निकासी रकम के मुकाबले इनकी संख्या कम लगी। ऐसा ही कुछ अगले दो दिन भी हुआ। तीसरे दिन मशीन से 16 एटीएम डेबिट कार्ड से 2.58 लाख रुपये की ठगी की गई। जब यहां के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला गया तो पाया गया कि दो लोग पिछले तीन दिनों से अलग-अलग समय में एटीएम सेंटर में आ रहे हैं और उनके हावभाव भी सामान्य नहीं है। गुरुवार 22 सितंबर को रात करीब 8.30 बजे इनमें से एक फिर वापस आया, तभी पहले से सेट किया हुआ अलार्म बज उठा और ब्रांच मैनेजर नरेंद्र राणे ने उसे पकड़ लिया और एटीएम सेंटर के अंदर लाक कर दिया। तुरंत भांडुप पुलिस को इसकी सूचना दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को हिरासत में लेकर थाने लाकर पूछताछ की गई तो पता चला कि उसने फर्जी एटीएम कार्ड से एटीएम से पैसे निकाले थे। और आगे की जांच में यह पाया गया कि वह उक्त अपराधों में सक्रिय रूप से शामिल था। आरोपी की पहचान आरिफ सफरुद्दीन खान के रूप में हुई, जिसने पूछताछ के दौरान दूसरे आरोपी अपने चचेरे भाई तारिफ उस्मान खान का जिक्र किया, जो हरियाणा का रहने वाला है। इनकी उम्र क्रमश: 38 और 25 साल है।

बिना किसी डेबिट कार्ड के निकाल लेते थे पैसे!
भांडुप पुलिस स्टेशन के पुलिस निरीक्षक दत्तात्रय ठाकुर ने बताया कि एटीएम कार्ड स्वाइप करने के बाद में इन्हें जितनी रकम निकालनी है उतनी संख्या और पिन डालते थे। फिर किसी तरह से मशीन को हैक कर बिना किसी डेबिट कार्ड के पैसे निकाल लेते थे। पुलिस ने 23 सितम्बर को रजि.नं. गु. र. क्र. 573/2022 कलम 420,120, ब, 34 IPC सह 66 के तहत मामला दर्ज किया है।
गौरतलब है कि एटीएम मशीनों के साथ छेड़छाड़ की घटनाएं अक्सर सुनने को मिलती है। इसी महीने मुंबई में हुई एक और घटना में अलग-अलग बैंकों से एटीएम मशीनों तक पैसे पहुंचाने के लिए जिस निजी कंपनी के कैश रिफिलिंग वैन का इस्तेमाल किया जाता था, उसी का चालक 2.80 करोड़ रुपये लेकर फरार हो गया। आरोपी ड्राइवर की पहचान उदय भान सिंह के रूप में हुई जिसे बाद में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया।
