नेटवर्क महानगर/मुंबई
मुंबई में गणेश उत्सव के दौरान एक युवक की अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद मौत हो गई। यह चौंकाने वाली घटना गुरूवार, (17 सितंबर) की रात 11.40 बजे हुई। जयदीप मेघराज नेमाडे (25), निवासी बावधन, पुणे, लालबाग बिल्डिंग नंबर 3 में अपने दोस्तों के साथ बैठे थे। इसी दौरान उन्हें अचानक अस्वस्थ महसूस होने लगा और उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद हार्ट अटैक से मौत हो गई।
बताया जा रहा है कि जयदीप की तबीयत खराब होने की जानकारी मिलने के बाद ‘लालबागचा राजा सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडल’ के पदाधिकारियों ने एंबुलेंस की मदद से उन्हें ग्लोबल अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में डॉक्टरों ने उनका इलाज शुरू किया, लेकिन इलाज के दौरान हार्ट अटैक से उनकी मौत हो गई। जयदीप, जलगांव में शिरसोली रोड पर जीवनमोती सोसाइटी में रहने वाले नेमाड़े ट्रांसपोर्ट के डायरेक्टर मेघराज सुभाष नेमाड़े का इकलौता बेटा था। मैकेनिकल इंजीनियरिंग और MBA के बाद वह पुणे में नौकरी कर रहा था। हर साल की तरह वह अपने दोस्तों के साथ ‘लालबाग के राजा’ के दर्शन के लिए मुंबई आया हुआ था और 17 सितंबर 2026 को दर्शन के लिए लाइन में इंतजार करते समय भारी भीड़ के चलते उसकी तबीयत खराब होने लगी और उसे सांस लेने में दिक्कत महसूस होने लगी, जिसके बाद यह घटना घटी। मृतक के चाचा प्रमोद नेमाडे ने बताया कि वह 17 सितंबर की रात को निकले थे। हमें मेरे दूसरे बेटे का फोन आया जो उनके दोस्तों के साथ था, जिसके बाद हम तुरंत वहां पहुंचे। वह हर साल अपने चार दोस्तों के साथ वहां जाता था। उसे पहले से कोई बीमारी या स्वास्थ्य संबंधी समस्या नहीं थी। वह पूरी तरह स्वस्थ था। जब वह लाइन में खड़े होकर अंदर गया, तो उसे सांस लेने में दिक्कत हुई, इसलिए वह बाहर निकला और अचानक गिर पड़ा था।
पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु के तहत दर्ज किया मामला
जयदीप की मां की मौत 12 साल पहले हो गई थी और अब परिवार में जयदीप के पिता मेघराज ही बचे हैं। अचानक हुई इस घटना से जयदीप के दोस्तों और परिवार को गहरा सदमा लगा है। गणेशोत्सव के दौरान दर्शन के लिए मुंबई आए जयदीप की अचानक मौत ने उसके साथ मौजूद लोगों को भी झकझोर दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद बॉडी को जलगांव भेज दिया। शनिवार को सुबह 10 बजे उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस मामले में कालाचौकी पुलिस थाने में आकस्मिक मृत्यु क्रमांक 63/2026 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के मुताबिक, मृतक के परिजनों की ओर से किसी तरह की शिकायत या संदेह व्यक्त नहीं किया गया है। हालांकि, मौत के वास्तविक कारण की पुष्टि संबंधित मेडिकल जांच और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही हो सकेगी। पुलिस आकस्मिक मृत्यु के मामले में आगे की जांच कर रही है।
